नई दिल्ली। वित्त वर्ष 2010-11 के आम बजट में कारों के उत्पादन पर उत्पाद शुल्क में दो प्रतिशत की वृद्धि किए जाने के तुरंत बाद देश की लगभग सभी प्रमुख ऑटोमोबाइल कंपनियों ने अपनी कारों की कीमते बढ़ाने की घोषणा की है।
कार बनाने वाली देश की सबसे बड़ी कंपनी मारूति सुजुकी इंडिया लिमिटेड ने उत्पाद शुल्क में दो प्रतिशत की वृद्धि के बाद अपनी कारों की कीमतों में तत्काल प्रभाव से तीन हजार रूपए से लेकर 13 हजार रूपए तक की बढ़ोत्तरी करने की घोषणा की है। कार बनाने वाली देश की दूसरी सबसे बड़ी कंपनी हुंडई मोटर इंडिया लिमिटेड ने अपनी कारों की कीमतों में 6500 रूपए से लेकर 25 हजार रूपए तक की वृद्धि की घोषणा की है।
कंपनी के प्रवक्ता राजीव मित्रा ने बजट पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि उन्हेंं अभी उत्पाद शुल्क में कटौती को वापस लेने की संभावना नहीं थी लेकिन सरकार ने इसे वापस ले लिया जिससे कारों की कीमतें बढ़ाने के अलावा कोई उपाय नहीं बचा है।
जनरल मोटर ने भी अपनी कारों की कीमतों में सात हजार रूपए से लेकर 26 हजार रूपए तक की बढ़ोतरी कर दी है। कंपनी के अधिकारी पी बालेन्दु ने कहा कि जीवाश्म ईधन पर निर्भरता कम करने तथा ग्रीन कारों को बढ़ावा देने की सरकार की नीति से अक्टूबर में लांच की जाने वाली ई स्पार्क को लाभ मिलेगा।