Haryana- 26 अक्टूबर तक चलेगा मेला, मुख्यमंत्री ने स्वदेशी उत्पादों और स्थानीय हस्तशिल्प को बढ़ावा देने की अपील की
News Desk : हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी ने सूरजकुंड में दिवाली मेले का उद्घाटन किया। इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह मेला आत्मनिर्भर भारत और स्वदेशी के विजन को साकार करने वाले श्रम साधकों, कारीगरों और कलाकारों के सम्मान का अवसर है। मेले का उद्देश्य शिल्पकारों के उत्पादों को बिना किसी बिचौलिए के सीधे ग्राहकों तक पहुंचाना है। मुख्यमंत्री ने मेले में आने वाले ग्राहकों और पर्यटकों का स्वागत करते हुए कहा कि 26 अक्टूबर तक चलने वाले इस आयोजन में भारतीय शिल्प, लोक संस्कृति और विभिन्न क्षेत्रों के खान-पान की विविधता देखने को मिलेगी।Haryana
READ ALSO- Diljit Dosanjh के दिल्ली कॉन्सर्ट को मिली मंजूरी, 30 अक्टूबर को होगा शो
मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आत्मनिर्भरता और वोकल फॉर लोकल को जनभागीदारी से जोड़ने का आह्वान किया है। सूरजकुंड का दिवाली मेला इसी सोच को आगे बढ़ाने का माध्यम है। उन्होंने बताया कि हरियाणा सरकार पद्मा योजना के तहत वन ब्लॉक, वन प्रोडक्ट को प्रोत्साहित कर रही है। प्रदेश के सभी 143 ब्लॉक के उत्पादों की पहचान की जा चुकी है और मेले के जरिए इन उत्पादों को भी बढ़ावा दिया जा रहा है। उन्होंने लोगों से त्योहारों पर दिए जाने वाले उपहारों में स्थानीय हस्तशिल्प और भारतीय उत्पादों को प्राथमिकता देने की अपील की।Haryana
नायब सिंह सैनी ने कहा कि हरियाणा राज्य ग्रामीण आजीविका मिशन के तहत अब तक 67,641 स्वयं सहायता समूहों के माध्यम से छह लाख से अधिक परिवारों को जोड़ा गया है। मिशन के दो ऑनलाइन पोर्टल भी शुरू किए जा चुके हैं। मुख्यमंत्री के मुताबिक, स्थानीय उत्पादों को प्रोत्साहन मिलने से कारीगरों और ग्रामीण परिवारों के लिए नए अवसर पैदा होंगे। उन्होंने विश्वास जताया कि सूरजकुंड का दिवाली मेला शिल्पकारों को आगे बढ़ने का अवसर देने के साथ ही परिवारों और पर्यटकों के लिए भी सुखद अनुभव लेकर आएगा।Haryana
Top Hindi News, Latest News Updates, Delhi Updates, Haryana News, click on Delhi Facebook, Delhi twitter and Also Haryana Facebook, Haryana Twitter

