Wayanad landslides:केरल के वायनाड में 29 जुलाई की आधी रात भारी बारिश के बाद हुए लैंडस्लाइड में मरने वालों की संख्या 365 पहुंच गई है। इनमें 30 बच्चे शामिल हैं। हादसे के छठे दिन भी रेस्क्यू ऑपरेशन जारी है। 206 लोग अब भी लापता हैं।उत्तरी केरल के वायनाड जिले में हुए भूस्खलन को इतिहास में दशक की सबसे बड़ी आपदाओं में दर्ज किया जाएगा।
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केरल में वायनाड के लैंडस्लाइड प्रभावित इलाकों में लापता लोगों की तलाश और बचाव अभियान सांतवें दिन भी जारी है। इस दौरान दिल को झकझोरने वाली कई बातें सामने आई हैं।वायनाड के दो भाई नासिर और मंसूर ने अपने परिवार के 16 सदस्यों को खो दिया है। इनके परिवार के लोग वायनाड जिले के चूरलमाला और मुंडक्कई में रहते थे।
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लैंडस्लाइड की घटना के बाद से मंसूर अब तक अपनी बेटी की तलाश कर रहे हैं। उनका कहना है कि काम पर जाने की वजह से उसकी जान बच गई।जिला प्रशासन के आंकड़ों के मुताबिक अब तक 219 शव और शरीर के 154 से ज्यादा अंग बरामद किए जा चुके हैं। लगभग 206 लोग अब भी लापता हैं।रेस्क्यू ऑपरेशन को तेजी देते हुए एनडीआरएफ के-9 डॉग स्क्वाड, सेना, स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप, मद्रास इंजीनियरिंग ग्रुप, पुलिस, अग्निशमन बल, वन विभाग, नौसेना और कोस्ट गार्ड समेत कई जवान लैंडस्लाइड वाले इलाकों में तैनात हैं।
