Karnataka: कर्नाटक के दक्षिण कन्नड़ और उडुपी जिलों में पूरे उत्साह के साथ ‘सिरी जात्रे’ मनाया गया। ये उत्सव तुलु समुदाय की संरक्षक देवी ‘सिरी’ के सम्मान में मनाया जाता है।
उत्सव मनाने के लिए हजारों श्रद्धालु एकत्र हुए। स्थानीय स्तर पर ‘अलाडे’ के नाम से मशहूर मंदिरों में प्रार्थनाएं की गईं और मन्नतें मांगी गईं। इन्ही में से एक प्रमुख मंदिर मारोड़ी गांव का ‘श्री उमा महेश्वर अलाडे’ है। वहां भगवान उमा महेश्वर की पूजा की जाती है।
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भक्तों का मानना है कि मारोड़ी के इस मंदिर में प्रार्थना करने से लोगों की तमाम परेशानियां दूर होती हैं। पांच दिन चलने वाला सिरी जात्रे उत्सव शुक्रवार को संपन्न हुआ। उत्सव की खासियत वे अनुष्ठान हैं जिनमें माना जाता है कि देवी सिरी की शक्ति महिला भक्तों में समाहित होती है। तुलु समुदाय बड़े पैमाने पर ये त्योहार आयोजित करता है। Karnataka
