Political News: संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने आरोप लगाया कि राहुल गांधी का भाषण ‘‘झूठ से भरा’’ था और सत्तारूढ़ गठबंधन लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष द्वारा किए गए ‘‘झूठे’’ दावों को सदन की कार्यवाही से हटाये जाने का अनुरोध करेगा। केंद्रीय बजट पर चर्चा के दौरान राहुल के भाषण के तुरंत बाद, रिजिजू ने कहा कि सत्तारूढ़ गठबंधन के सदस्य आसन को एक नोटिस देंगे, जिसमें नेता प्रतिपक्ष द्वारा बोले गए किसी भी कथन के प्रमाणीकरण की मांग की जाएगी। उन्होंने कहा, ‘‘राहुल गांधी ने जो भी झूठ बोला है, हम उसे रिकॉर्ड से हटाये जाने की मांग करेंगे।’’ Political News Political News
Read Also: एपस्टीन फाइलों पर डेमोक्रेट्स से झड़प! अमेरिकी अटॉर्नी जनरल बॉन्डी ने ट्रंप का जोरदार बचाव किया
हालांकि, राहुल गांधी ने अपने बयानों को प्रमाणित करने का वादा किया है, लेकिन मंत्री ने कहा, ‘‘मुझे पता है कि वह उन्हें प्रमाणित नहीं कर सकते क्योंकि उन्होंने झूठ बोला है। उन्होंने सदन में झूठ बोला है।’’ रिजिजू ने आरोप लगाया कि कांग्रेस नेता अक्सर जानबूझकर झूठ बोलते हैं और फिर संबंधित मंत्री का जवाब सुनने के बजाय सदन छोड़कर चले जाते हैं। उन्होंने कहा कि यह दुर्भाग्यपूर्ण है कि देश के पास लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष पद के योग्य गंभीर स्वभाव वाला कोई व्यक्ति नहीं है। उन्होंने कहा, ‘‘हमारी पार्टी का रुख यह है कि हम राहुल गांधी के झूठ का जवाब सदन के बाहर देंगे, लेकिन सदन के अंदर नोटिस जारी किया जाएगा।’’
रिजिजू ने कहा कि राहुल गांधी ने बिना नोटिस दिये पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी पर एक गंभीर आरोप लगाया है, जो विशेषाधिकार हनन है। उन्होंने कहा, ‘‘हम आसन को आवश्यक सूचना देंगे। नेता प्रतिपक्ष ने बजट पर चर्चा में कोई उपयोगी और ठोस योगदान नहीं दिया, बल्कि केवल कुछ बेबुनियाद आरोप लगाए।’’ संसदीय कार्य मंत्री ने बताया कि उन्होंने नेता प्रतिपक्ष को उस समय सदन में उपस्थित रहने के लिए कहा है, जब वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण बजट पर चर्चा का जवाब देंगी। उन्होंने कहा, ‘‘भाषण देने के बाद राहुल तुरंत सदन से बाहर चले गए।जबकि नियम यह है कि एक बार कोई सदस्य अपना भाषण दे दे, तो वह तुरंत सदन नहीं छोड़ सकता।’’
Read Also: ‘वायुशक्ति’ में भाग लेंगे राफेल, तेजस! ‘ऑपरेशन सिंदूर’ में वायुसेना की सफल भूमिका की पेश करेंगे झलक
रिजिजू ने यह भी दावा किया कि 20 से 25 कांग्रेस सांसदों ने लोकसभा अध्यक्ष ओम बिरला को उनके कक्ष में अपशब्द कहे, लेकिन वहां मौजूद पार्टी के वरिष्ठ नेताओं प्रियंका गांधी वाद्रा और के.सी. वेणुगोपाल ने उन्हें नहीं रोका। संसदीय कार्य मंत्री ने कहा कि बिरला बहुत आहत हुए हैं। उन्होंने कहा कि लोकसभा अध्यक्ष बहुत नरम स्वभाव के हैं, अन्यथा वह कड़ी कार्रवाई करते। Political News Political News
उन्होंने कहा, ‘‘कुछ सदस्य बिरला के कक्ष में गए और उन्हें अपशब्द कहे। जब 20 से 25 कांग्रेस सांसद अध्यक्ष के कक्ष में गए, तो मैं भी वहां गया। उन्होंने अध्यक्ष को जिस तरह के अपशब्द कहे, उन्हें मैं शब्दों में बयान नहीं कर सकता।’’ रिजिजू ने दावा किया कि घटना के समय प्रियंका गांधी, वेणुगोपाल और अन्य वरिष्ठ कांग्रेस नेता कक्ष में मौजूद थे। उन्होंने यह भी दावा किया, ‘‘वे अपने सांसदों को उकसा रहे थे। उनके नेता सांसदों को झगड़ा करने के लिए उकसा रहे थे।’’
