Delhi: विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कूटनीति के मुद्दों पर बड़े बयान देते हुए भारत का पक्ष मजबूती से रखा है।ऑपरेशन सिंदूर के 1 साल पूरा होने पर विदेश मंत्रालय की प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने आतंकवाद को लेकर पाकिस्तान को दो टूक चेतावनी दी है।विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि आज ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ है। पूरी दुनिया ने पहलगाम आतंकी हमले को उसकी वास्तविकता के साथ देखा है। भारत ने पाकिस्तान प्रायोजित सीमा पार आतंकवाद का करारा जवाब दिया है।Delhi
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने आगे कहा है कि दुनिया जानती है कि सीमा पार आतंकवाद लंबे समय से पाकिस्तान की राज्य नीति का हिस्सा रहा है। भारत को आतंकवाद के खिलाफ अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार है। हम वैश्विक स्तर पर आतंकवाद के खिलाफ लड़ाई को और मजबूत करने के लिए लगातार कार्य करते रहेंगे।”वही पाकिस्तान के साथ सिंधु नदी समझौता स्थगित बना हुआ है।विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि इंडस वाटर ट्रीटी को लेकर भारत के पोजिशन में कोई बदलाव नहीं है”ट्रीटी स्थगित है।Delhi
वही कैलाश मानसरोवर यात्रा के रूट को लेकर नेपाल के ऑब्जेक्शन को भारत ने सिरे से खारिज किया है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा है लिपुलेख के रास्ते कैलाश मानसरोवर यात्रा 1954 से चल रही है। नेपाल की तरफ़ से इलाक़े को लेकर किया गया दावा सही नहीं है। अगर कोई मसला है तो भारत बैठ कर बातचीत करने को तैयार है।Delhi
वही भारत में बांग्लादेश के अवैध प्रवासियों पर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है कि “इन कमेंट्स को भारत से गैर-कानूनी बांग्लादेशियों को वापस भेजने के मुख्य मुद्दे के संदर्भ में देखा जाना चाहिए। इसके लिए बांग्लादेश से सहयोग की ज़रूरत है। बांग्लादेश में नेशनलिटी वेरिफिकेशन के 2862 से ज़्यादा केस पेंडिंग हैं, जिनमें से कुछ तो पाँच साल से भी ज़्यादा समय से हैं। हमारी पॉलिसी है कि भारत में रह रहे सभी गैर-कानूनी विदेशी नागरिकों को हमारे कानूनों, प्रोसेस और तय द्विपक्षीय व्यवस्थाओं के अनुसार वापस भेजा जाना चाहिए।Bihar News:
हम उम्मीद करते हैं कि बांग्लादेश नेशनलिटी वेरिफिकेशन में तेज़ी लाएगा ताकि गैर-कानूनी इमिग्रेंट्स को आसानी से वापस भेजा जा सके।”विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा है कि बांग्लादेश से अपेक्षा कि वो जल्द nationality verification पर सहयोग करेंगे…2862 में से कुछ मामले पाँच साल से उनके सामने pending हैं।Bihar News:
वही विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने जानकारी दी है कि होर्मुज़ स्ट्रेट पार कर 11 भारतीय जहाज़ आ चुके हैं। 13 अभी भी उधर हैं,उनको लाने के लिए ईरान से बातचीत चल रही है।पहली BRICS विदेश मंत्रियों की मीटिंग पर, MEA के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि, “भारत इस साल BRICS की अध्यक्षता कर रहा है, और हम विदेश मंत्रियों की मीटिंग समेत कई मीटिंग होस्ट करेंगे… जहां तक कन्फर्मेशन और तारीखों का सवाल है, हम सही समय पर दोनों पर अपडेट देंगे। हमने BRICS सदस्य देशों, पार्टनर देशों और दूसरों को बुलाया है, और हम समय आने पर भागीदारी और उससे जुड़े मामलों के बारे में जानकारी शेयर करेंगे।Bihar News:
