विश्वास भारत की सबसे मजबूत मुद्रा बन गया है- प्रधानमंत्री मोदी

Malaysia: Trust has become India's strongest currency - PM Modi

Malaysia: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि भारत को ‘‘विकास के लिए एक भरोसेमंद साझेदार’’ के रूप में देखा जाता है और ये बात ब्रिटेन, अमेरिका और यूरोपीय संघ (ईयू) समेत कई देशों के साथ हाल में हुए व्यापार समझौतों में परिलक्षित होती है। पीएम मोदी ने भारतीय समुदाय के कार्यक्रम में कहा कि भारतीय प्रवासी भारत और मलेशिया के बीच एक जीवंत सेतु का काम करते हैं और उन्होंने द्वीपसमूह राष्ट्र में एक नये वाणिज्य दूतावास और छात्रों को भारत में अध्ययन करने में सक्षम बनाने के लिए तिरुवल्लुवर छात्रवृत्ति की घोषणा की।

शनिवार 7 फरवरी को दो दिवसीय यात्रा पर कुआलालंपुर पहुंचे मोदी ने विभिन्न देशों के साथ भारत द्वारा किए गए व्यापार समझौतों का जिक्र करते हुए कहा कि भारत को ‘‘विकास के लिए एक भरोसेमंद भागीदार’’ के रूप में देखा जाता है। उन्होंने कहा कि ब्रिटेन, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई), ऑस्ट्रेलिया, न्यूजीलैंड, ओमान, यूरोपीय संघ और अमेरिका के भारत के साथ व्यापारिक समझौते हुए हैं और विश्वास भारत की सबसे मजबूत मुद्रा बन गया है। उन्होंने कहा कि मलेशिया में भारतीय मूल के लगभग 30 लाख लोग रहते हैं, जो विश्व में भारतीय मूल के लोगों का दूसरा सबसे बड़ा समुदाय है, जिनमें से ज्यादातर लोग तमिल मूल के हैं।

भारतीय समुदाय के सदस्यों का विभिन्न भाषाओं में अभिवादन करते हुए, प्रधानमंत्री ने मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम की गायन प्रतिभा, विशेष रूप से दिग्गज अभिनेता एम जी. रामचंद्रन (एमजीआर) के तमिल गीतों के प्रति उनके प्रेम को उजागर किया। मोदी ने कहा, ‘‘तमिल भाषा भारत की ओर से विश्व को दिया गया उपहार है। तमिल साहित्य शाश्वत है और तमिल संस्कृति वैश्विक है। तमिल लोगों ने अपनी प्रतिभा से मानवता की सेवा की है।” उन्होंने कहा कि भारत के उप-राष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन और केंद्रीय मंत्री एस जयशंकर, निर्मला सीतारमण और एल मुरुगन तमिलनाडु से हैं।

प्रधानमंत्री ने कहा, ‘‘तमिल प्रवासी कई सदियों से यहां रह रहे हैं। इस इतिहास से प्रेरित होकर, हमें मलय विश्वविद्यालय में ‘तिरुवल्लुवर चेयर’ की स्थापना करने पर गर्व है। अब हम अपनी साझा विरासत को और मजबूत करने के लिए अपना तिरुवल्लुवर केंद्र स्थापित करेंगे।’’ मोदी ने कहा कि उन्हें मलेशिया में आकर बहुत खुशी हो रही है, जो 2026 में उनकी पहली विदेश यात्रा है। उन्होंने कहा, ‘‘भारत हमेशा आपका खुले दिल से स्वागत करेगा। इसीलिए, कुछ महीने पहले ही हमने एक ऐतिहासिक निर्णय लेते हुए भारतीय मूल के मलेशियाई नागरिकों को छठी पीढ़ी तक ओसीआई कार्ड के लिए पात्र घोषित किया है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मलेशिया के प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम और मैं उनके प्रधानमंत्री बनने से पहले से ही दोस्त हैं।’’ मोदी ने कहा, ‘‘मैं कहता हूं कि हमारे संबंधों का मार्गदर्शक शब्द ‘इम्पैक्ट’ है। ‘इम्पैक्ट’ का अर्थ है सामूहिक परिवर्तन को आगे बढ़ाने के लिए भारत-मलेशिया साझेदारी।’’

Read Also: इडुक्की की जुड़वां बहनों का बड़े पर्दे पर सफर, सोशल मीडिया पोस्ट से मिली फिल्मों में एंट्री

प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत और मलेशिया प्रगति और समृद्धि के साझेदार के रूप में कंधे से कंधा मिलाकर चलते हैं और एक-दूसरे की सफलताओं का जश्न अपनी सफलता मानते हुए मनाते हैं। उन्होंने कहा, ‘‘चंद्रयान-3 की ऐतिहासिक सफलता पर प्रधानमंत्री अनवर इब्राहिम की हार्दिक शुभकामनाओं से मैं बहुत अभिभूत हूं। मैं अपने प्रिय मित्र से पूरी तरह सहमत हूं, भारत की सफलता मलेशिया की सफलता है और एशिया की सफलता है।’’ इससे पहले मोदी और अनवर इब्राहिम का कार्यक्रम में जबरदस्त स्वागत किया गया। कार्यक्रम में 800 से अधिक प्रतिभागियों ने नृत्य प्रस्तुतियां दीं।

इन नर्तकों ने भरतनाट्यम, कथक, कथकली, कुचिपुड़ी, लावणी और ओडिसी समेत भारतीय शास्त्रीय और लोक नृत्यों का प्रदर्शन किया। मोदी और इब्राहिम एक ही कार में कार्यक्रम स्थल पर पहुंचे। मोदी ‘भारत माता की जय’ और ‘मोदी, मोदी’ के नारों के बीच मंच पर पहुंचे। यह घोषणा की गई कि भारतीय नृत्य प्रदर्शन में सबसे अधिक कलाकारों के भाग लेने के लिए इस नृत्य प्रदर्शन ने मलेशियाई रिकॉर्ड पुस्तिका में अपना नाम दर्ज करा लिया है। इब्राहिम ने इस मौके पर कहा, ‘‘भारत से एक अच्छे मित्र के मलेशिया में हमारे साथ शामिल होने से मैं व्यक्तिगत रूप से उत्साहित हूं।’’

Top Hindi NewsLatest News Updates, Delhi Updates,Haryana News, click on Delhi FacebookDelhi twitter and Also Haryana FacebookHaryana Twitter

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *