FreeTradeAgreement: भारत और पश्चिमी एशियाई देशों के समूह खाड़ी सहयोग परिषद (जीसीसी) ने मुक्त व्यापार समझौते पर औपचारिक बातचीत शुरू करने के लिए नियम एवं शर्तों पर गुरुवार को हस्ताक्षर किए। नियम एवं शर्तों में प्रस्तावित व्यापार समझौते का दायरा और तौर-तरीके बताए गए हैं। वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री पीयूष गोयल ने जीसीसी के साथ बातचीत को लेकर नियम एवं शर्तों पर हस्ताक्षर समारोह की अध्यक्षता की।
जीसीसी, खाड़ी क्षेत्र के छह देशों सऊदी अरब, संयुक्त अरब अमीरात, कतर, कुवैत, ओमान और बहरीन का समूह है। गोयल ने कहा कि ये समझौता दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय व्यापार और निवेश को बढ़ावा देने में सहायक होगा। उन्होंने पत्रकारों से कहा कि करीब एक करोड़ भारतीय जीसीसी क्षेत्र में रह और काम कर रहे हैं। FreeTradeAgreement
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गोयल ने कहा, ‘‘ ये अत्यंत उचित है कि अब हम एक अधिक मजबूत और सुदृढ़ व्यापारिक व्यवस्था में प्रवेश करें जो वस्तुओं एवं सेवाओं के अधिक मुक्त प्रवाह को सक्षम बनाएगी, नीति में पूर्वानुमान तथा स्थिरता लाएगी और अधिक निवेश को प्रोत्साहित करने में मदद करेगी।’’ उन्होंने कहा कि ये समझौता भारत के साथ-साथ जीसीसी देशों की खाद्य एवं ऊर्जा सुरक्षा को भी बढ़ावा देगा। भारत विश्व में अनाज का एक प्रमुख उत्पादक है जबकि जीसीसी देश तेल एवं गैस के निर्यातक हैं। FreeTradeAgreement
मंत्री ने कहा, ‘‘ हमारा द्विपक्षीय व्यापार पहले से ही काफी मजबूत है, करीब 179 अरब अमेरिकी डॉलर का..। मेरा मानना है कि जीसीसी देशों द्वारा आवश्यक कई उत्पाद एवं सेवाएं हमारे युवा, बेहद प्रतिभाशाली तथा कुशल भारतीयों द्वारा प्रदान की जा सकती हैं क्योंकि जीसीसी देश हमारे ऊर्जा स्रोतों के और अधिक विविधीकरण एवं विकास में हमारी मदद कर सकते हैं।’’
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वर्तमान में करीब एक करोड़ भारतीय जीसीसी क्षेत्र में रह रहे हैं और काम कर रहे हैं, जो इस समूह की अर्थव्यवस्थाओं को गति प्रदान करने में योगदान दे रहे हैं। प्रस्तावित समझौते से शुल्क और गैर-शुल्क बाधाओं को समाप्त करने से भारतीय निर्यात को बढ़ावा मिलेगा। FreeTradeAgreement
