Shewta Kakkar: भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (CCI) की सदस्य श्वेता कक्कड़ ने बुधवार को कहा कि आयोग सही संतुलन बनाने का प्रयास कर रहा है ताकि न तो अत्यधिक विनियमन नवाचार को बाधित करे और न ही बड़ी प्रौद्योगिकी कंपनियों को एकाधिकार की अनुमति मिले। भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (CCI) के 17वें वार्षिक दिवस समारोह में उन्होंने कहा कि कृत्रिम मेधा (AI) का उदय और इसका मूल्य निर्धारण, एल्गोरिदम तथा डिजिटल परिवेश पर प्रभाव नई चुनौतियां हैं और नियामक इनसे प्रभावी ढंग से निपटेगा।Shewta Kakkar
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CCI का दायित्व बाजार में अनुचित व्यावसायिक प्रथाओं पर नजर रखना और निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा, ‘‘हम ऐसे मोड़ पर हैं, जहां CCI सही संतुलन बनाने की कोशिश कर रहा है ताकि न तो अत्यधिक विनियमन से नवाचार बाधित हो और न ही बड़ी कंपनियों को एकाधिकार की अनुमति मिले।’’CCI डिजिटल बाजारों में अनुचित व्यावसायिक प्रथाओं के खिलाफ कार्रवाई कर रहा है और प्रतिस्पर्धा मानकों के उल्लंघन पर संस्थाओं के खिलाफ आदेश भी पारित कर चुका है।Shewta Kakkar
