Acid Rain Effects: भीषण गर्मी बर्दाश्त करने के बाद हर कोई बारिश का इंतजार करता है और सभी का मन होता है कि वो बारिश की फुहारों में भीगे और उसका आनंद ले। लेकिन कई बार आपने बड़े-बुजुर्गों को ये कहते हुए सुना होगा कि साल की पहली बारिश में नहीं नहाना चाहिए। साल की पहली बारिश में नहाने से तबीयत खराब होती है। हम उनके इस तथ्य को मान तो लेते हैं लेकिन कभी ये जानने की कोशिश नहीं करते कि आखिर वो ऐसा क्यों कहते हैं। तो चलिए जानते हैं पहली बारिश स्वास्थ्य के लिए हानिकारक क्यों होती है।
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दरअसल, साल की पहली बारिश को एसिड रेन कहा जाता है। एसिड रेन अत्यधिक अम्लीय बारिश होती है। सल्फर और नाइट्रोजन के ऑक्साइड, धुल, कण और वायु प्रदूषण औद्योगिक और जीवाश्म से निकलते हैं, जो इनके मूल कारण हैं। इसमें बहुत अधिक एसिड होता है। ऐसा तब होता है जब कोई अनावश्यक तत्व वायुमंडल की शुद्ध हवा में आते हैं। ये प्रदूषण कारखानों से निकलने वाले धुएं, रोड़ पर चलने वाली वाहन और यातायात के साधन, पास्टिक और विषैली पदार्थों से निकलने वाले धुएं से होता है। तेजाब की बारिश असाधारण रूप से अम्लीय वर्षा होती है। बारिश, धुंध, बर्फ या ठोस गुच्छे के रूप में यह अम्लीय वर्षा गिरती है। यह हवा में पानी के साथ मिलकर एसिड बनाने वाले गैसों के मुख्य स्रोत हैं, जो औद्योगिक संचालन और जीवाश्म ईंधन के दहन से निकलते हैं।
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बता दें, मानवीय कारकों का मुख्य कारण अम्लीय बारिश है। एसिड रेन सल्फर ऑक्साइड और नाइट्रोजन ऑक्साइड से बनता है, जो कारखानों की चीमनियों, वाहनों में प्रयोग होने वाले डीजल और पेट्रोल से निकलता है। सल्फर गैस भट्टों में कोयला के दहन से भी निकलता है। सल्फर बारिश के पानी पर कई कारणों से प्रभावित होता है, जिनमें एयर कंडीशन, विद्युत संयंत्र शामिल हैं। एसिड रेन पौधों पर बुरा प्रभाव डालता है। एसिड बारिश से खेत की मिट्टी भी अम्लीय हो जाती है, जो खेतों पर खराब प्रभाव डालता है। इससे मिट्टी के जीव-जन्तु भी प्रभावित होते हैं। इसके साथ ही जमीन भी प्रदूषित होती है।
