JAMMU KASHMIR: जम्मू कश्मीर के पुंछ जिले के सुरनकोट क्षेत्र के लसाना इलाके में रविवार को सातवें दिन भी सेना और पुलिस का संयुक्त तलाशी अभियान जारी है।लसाना क्षेत्र में सेना के काफिले पर आतंकवादी हमले के बाद शुरू किया गया अभियान शाहसितार, गुरसाई, सनाई, लसाना और शींदारा टॉप जैसे क्षेत्रों समेत लगभग 20 वर्ग किलोमीटर में तलाशी और निगरानी प्रयासों के साथ तेज हो गया है।सुरक्षा बल हमलावरों की पहचान के लिए ड्रोन, खोजी कुत्तों और सीसीटीवी फुटेज का इस्तेमाल कर रहे हैं।सोमवार को जिले के लसाना गांव में आतंकवादियों और सुरक्षा बलों के बीच थोड़ी देर के लिए गोलीबारी हुई।
Read Also: निशिकांत दुबे और दिनेश शर्मा की टिप्पणियों से BJP ने किया किनारा
जम्मू कश्मीर पुलिस के वरिष्ठ अधिकारी ने बुधवार को कहा कि कठुआ जिले में हाल में हुई चार मुठभेड़ों ने अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पार से भारत में घुसपैठ करने के लिए आतंकवादियों की ओर से इस्तेमाल किए जाने वाले मार्ग का पता चल गया है।कठुआ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) शोभित सक्सेना ने कहा कि मुठभेड़ के बाद आतंकवादियों से भारी मात्रा में हथियार और विस्फोटकों सहित गोला-बारूद की सफलतापूर्वक बरामदगी से जम्मू कश्मीर में बड़े हमले की आतंकवादी समूहों की साजिश विफल हो गई।
Read Also: पानी की चोरी और बर्बादी को रोकने के लिए 1,111 वॉटर टैंकरों को CM रेखा ने दिखाई हरी झंडी
पिछले एक महीने में कठुआ जिले में घुसपैठ करने वाले आतंकवादियों के एक समूह और सुरक्षा बलों के बीच चार मुठभेड़ें हुईं।सफियान जंगल में 27 मार्च को भारी हथियारों से लैस दो आतंकवादियों को मार गिराया गया था।हीरानगर सेक्टर के सानियाल जंगल में घुसपैठ करने वाले आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में चार पुलिस कर्मी शहीद हो गए थे।
हीरानगर सेक्टर के सानियाल जंगल में घुसपैठ करने वाले आतंकवादियों के साथ मुठभेड़ में चार पुलिस कर्मी शहीद हो गए थे।एसएसपी ने राजबाग थाने में संवाददाताओं से कहा, “हम चार में से शेष तीन आतंकवादियों का पीछा कर रहे हैं, जो मुठभेड़ से बच निकले हैं और भाग रहे हैं। हमें विश्वास है कि हम उन्हें जल्द ही पकड़ लेंगे और उन्हें मार गिराएंगे।”
