केरल उच्च न्यायालय ने कुंभ मेले से चर्चा में आई लड़की को पुलिस सुरक्षा देने का दिया आदेश

Kerala

केरल उच्च न्यायालय ने पुलिस को उस लड़की को सुरक्षा प्रदान करने का निर्देश दिया है जो प्रयागराज कुंभ मेले के दौरान चर्चा में आई थी और जिसके पति पर उसके अपहरण का आरोप है। अदालत ने कहा, ‘‘याचिकाकर्ता (लड़की) के वकील और सरकारी वकील की दलीलें सुनने के बाद प्रथम दृष्टया मेरा मानना है कि याचिकाकर्ता के जीवन की सुरक्षा की जानी चाहिए।’’ Kerala

Read Also: NEET-UG री-एग्जाम: नागपुर के छात्र का सेंटर निकला अबू धाबी, राहुल गांधी बोले- बच्चों के भविष्य के साथ जुआ खेलना बंद कीजिए

आपको बता दें, उच्च न्यायालय ने लड़की की उस याचिका पर यह आदेश दिया जिसमें उसने राज्य सरकार और एर्णाकुलम सेंट्रल थाने के प्रभारी अधिकारी को उसकी सुरक्षा सुनिश्चित करने का निर्देश दिए जाने का अनुरोध किया था। अदालत ने कहा, ‘‘इसलिए रिट याचिका का निपटारा होने तक दूसरे प्रतिवादी (थाना प्रभारी) को याचिकाकर्ता के जीवन की सुरक्षा के लिए पर्याप्त प्रबंध सुनिश्चित करने का निर्देश दिया जाता है।’’ Kerala

अदालत ने राज्य सरकार और थाना प्रभारी को नोटिस भी जारी किया और मामले की अगली सुनवाई के लिए 10 जुलाई की तारीख तय की। उच्च न्यायालय की एक अन्य पीठ ने इस महीने की शुरुआत में कहा था कि लड़की प्रथम दृष्टया बालिग प्रतीत होती है। पीठ ने उसके पति को एक महीने की ‘ट्रांजिट’ जमानत दी थी, ताकि वे अपने खिलाफ दर्ज अपहरण के मामले में अग्रिम जमानत के लिए मध्यप्रदेश की अदालत का रुख कर सके। Kerala

Read Also: IMD: मॉनसून की रफ़्तार पड़ी धीमी, बारिश के लिए करना पड़ सकता है थोड़ा इंतज़ार

लड़की के पति मोहम्मद फरमान पर उसका अपहरण करने का आरोप है। मध्यप्रदेश पुलिस ने लड़की के पिता की शिकायत पर ये मामला दर्ज किया था। वहीं पिता का दावा है कि उसकी बेटी नाबालिग है। पिछले साल उत्तर प्रदेश के प्रयागराज में कुंभ मेले में रुद्राक्ष की मालाएं बेच रही इंदौर की इस लड़की का वीडियो एक व्यक्ति ने सोशल मीडिया पर अपलोड किया था जिसके बाद वह अपनी मनमोहक मुस्कान और खूबसूरत आंखों के कारण काफी चर्चा में आई थी। बाद में उसने अपने परिवार के विरोध के बावजूद केरल में मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में फरमान से विवाह किया था। Kerala

हालांकि, बाद में उसके परिवार ने दावा किया कि वह नाबालिग है। इसके बाद मध्यप्रदेश पुलिस ने फरमान के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता, बाल विवाह प्रतिषेध अधिनियम, 2006 और अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति (अत्याचार निवारण) अधिनियम, 1989 की विभिन्न धाराओं के तहत अपहरण समेत कई आरोपों के तहत मामला दर्ज किया। Kerala

Top Hindi News, Latest News Updates, Delhi Updates, Haryana News, click on Delhi Facebook, Delhi twitter and Also Haryana Facebook, Haryana Twitter

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *