सावधान! आपका ये व्यवहार, पहुंचा रहा है आपके फेफड़ों को नुकसान, कहीं…

Lungs: Be careful! This behavior of yours is harming your lungs. Lungs problems symptoms, lungs healthy tips, how to keep lungs healthy, what affects your lungs, smoking cause lung cancer, pollution effects on lungs, lungs disease risk, #Lungs, #lunghealth, #lungcancer, #smoking_challenge, #processedfood, #cancerawareness, #Cancer,, #alkohal, #polution, #health, #healthylifestyle-youtube-facebook-twitter-amazon-google-totaltv live, total news in hindi

Lungs: दुनिया भर में फेफड़ों की बीमारी का खतरा बढ़ता जा रहा है। इस महत्वपूर्ण अंग को प्रभावित करने वाली सबसे बड़ी समस्याएं अस्थमा, फेफड़ों का कैंसर और क्रॉनिक ऑब्सट्रक्टिव पल्मोनरी डिजीज (COPD) हैं। आंकड़े बताते हैं कि फेफड़ों की बीमारियों से हर साल लाखों लोग मर जाते हैं। फेफड़ों की समस्या किसी भी उम्र में हो सकती है, इसलिए फेफड़ों की अच्छी देखभाल करना और इसे नुकसान पहुंचाने वाली आदतों से बचाव करना बेहद महत्वपूर्ण है।

Read Also: गंगा दशहरा के मौके पर श्रद्धालुओं ने अयोध्या की सरयू नदी में लगाई आस्था की डुबकी

स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं कि जीवनशैली की कई बुरी आदतों से फेफड़ों को नुकसान होता है। कुछ आदतें फेफड़ों को खराब कर सकती हैं। चिन्ता वाली बात ये देश अधिक संख्या में लोग इसके शिकार हो रहे हैं। एक्सपर्ट्स के अनुसार हमारे फेफड़े हजारों बार हर दिन फैलते और सिकुड़ते हैं, ऑक्सीजन लाने और कार्बन डाइऑक्साइड बाहर निकालने के लिए ये निरंतर काम करते रहते हैं। लेकिन अगर इस प्रणाली के किसी भी हिस्से में कोई समस्या होती है, तो फेफड़ों में बीमारी हो सकती है। दुनिया भर में फेफड़े की बीमारियां बढ़ रही हैं। फेफड़ों को धूम्रपान, संक्रमण और प्रदूषण जैसे कई पर्यावरणीय कारक नुकसान पहुंचा सकते हैं।


बता दें, एक्सपर्ट्स के मुताबिक धूम्रपान फेफड़ों के कैंसर और सीओपीडी जैसे घातक रोगों का सबसे बड़ा कारण है। धूम्रपान करना अस्थमा से पीड़ित लोगों में अस्थमा अटैक को ट्रिगर कर सकता है या उसे बदतर बना सकता है। धूम्रपान करने वाले लोगों में सीओपीडी से मरने की संभावना 13 गुना अधिक होती है, जबकि धूम्रपान न करने वाले लोगों में ऐसा नहीं होता है।

Read Also: इस दिन होगी राजधानी दिल्ली में झमाझम बारिश, जानें कैसा रहेगा आज का मौसम?

सिगरेट पीने से फेफड़े के ऊतक प्रभावित होते हैं, जिससे उनकी सामान्य कार्यक्षमता प्रभावित होती है। सिगरेट के हर कश में सात हजार से अधिक रसायन होते हैं, जिसमें कार्बन मोनोऑक्साइड भी शामिल है। इन रसायनों से लंबे समय तक संपर्क करने से फेफड़े गंभीर रुप से प्रभावित हो जाते हैं। प्रदूषित स्थानों पर रहना भी धूम्रपान की तरह ही घातक हो सकता है। फेफड़ों की बीमारी आंतरिक और बाह्य प्रदूषकों से हो सकती है। कभी-कभी कुछ प्रदूषकों से बचना मुश्किल हो सकता है, खासकर खराब वायु वाले स्थानों पर रहने से जोखिम बढ़ जाता है। इसलिए ऐसे जगहों पर जाने से बचने की जरुरत है।

Top Hindi NewsLatest News Updates, Delhi Updates,Haryana News, click on Delhi FacebookDelhi twitter and Also Haryana FacebookHaryana Twitter

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *