Manipur: मणिपुर की कुशल बुनकर वाहेंगबाम शाया देवी को 2023 के संत कबीर हैंडलूम पुरस्कार से सम्मानित किया जा रहा है। यह पुरस्कार हर साल देश के पांच बुनकरों को मिलता है।
Read Also: Weather Alert: मौसम विभाग ने हिमाचल प्रदेश में जारी किया तेज बारिश का ऑरेंज अलर्ट
आपको बता दें, Manipur के इंफाल की रहने वाली कुशल बुनकर वाहेंगबाम शाया देवी देश के उन पांच बुनकरों में से एक हैं जिन्हें 2023 के प्रतिष्ठित संत कबीर हैंडलूम पुरस्कार के लिए चुना गया है।
प्रतिष्ठित संत कबीर हैंडलूम पुरस्कार से सम्मानित हो रहीं वाहेंगबाम शाया देवी अपने काम को मिली पहचान पर खुशी जाहिर करते हुए कहती हैं कि, वह 40 साल से इस पेशे में हैं और उन्होंने कई अनोखे डिजाइन बनाए हैं। वह संत कबीर हैंडलूम राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए चुने जाने से काफी उत्साहित हैं लेकिन वह चाहती हैं कि मणिपुर में हिंसा जल्द ही खत्म हो जाए क्योंकि इससे उनके काम पर काफी असर पड़ रहा है।
Read Also: झारखंड में बड़ा रेल हादसा, हावड़ा-मुंबई मेल के 18 डिब्बे पटरी से उतरे, घायलों को किया जा रहा रेस्क्यू
गौरतलब है, संत कबीर हथकरघा पुरस्कार देश के उन बुनकरों को दिया जाता है जो देश की हथकरघा विरासत को संरक्षित और बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण योगदान देते हैं। शाया देवी उत्तर-पूर्व की एकमात्र कारीगर हैं जिन्हें इस साल पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा।
