मनोज सिन्हा ही क्यों चुने गए जम्मू-कश्मीर के नए उपराज्यपाल ?

जम्मू-कश्मीर के नए उप राज्यपाल (एलजी) पूर्व केंद्रीय मंत्री और भारतीय जनता पार्टी के कद्दावर नेता मनोज सिन्हा होंगे। वहीं पूर्व एलजी जीसी मूर्मू के इस्तीफे को राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने स्वीकार कर लिया है और उन्होंने मनोज सिन्हा को केंद्र शासित प्रदेश जम्मू-कश्मीर का नया उप राज्यपाल नियुक्त किया है। बता दें कि मनोज सिन्हा 2014 में गाजीपुर से चुनाव जीते थे, जिसके बाद केंद्र सरकार में उनके पास दो मंत्रालय थे। पूर्वांचल से आने वाले मनोज सिन्हा 2019 का लोकसभा चुनाव हार गए थे और 2017 में उनका नाम उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री की रेस में भी सबसे आगे था।

आपको बता दें कि बुधवार शाम को गिरीश चंद्र मुर्मू ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया था और उन्होंने ऐसे वक्त में इस्तीफा दिया है, जब जम्मू-कश्मीर से अनुच्छेद 370 हटाए जाने के एक साल पूरे हुए। वहीं गौरतलब है कि अनुच्छेद 370 हटाए जाने के साथ ही राज्य को जम्मू-कश्मीर और लद्दाख को दो केंद्रशासित प्रदेशों में बांटा गया था।

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मुर्मू ने 31 अक्तूबर 2019 को उप राज्यपाल पद की शपथ ली थी। मुर्मू के शासनकाल में कश्मीर शांति, स्थिरता और विकास की ओर तेजी से बढ़ा है। वहीं राज्य में आतंकवाद या पत्थरबाजी की घटनाओं में भारी कमी आई है। लेकिन अब बागडोर होगी मनोज सिन्हा के हाथों में और आखिर क्यों उनको ही ये जिम्मेदारी मिली ये जानते हैं।

मनोज सिन्हा को चुने जाने के संभावित कारण ?

  • मनोज सिन्हा की छवि सौम्य भाषा में बोलने वाले नेता की रही है, यानी वह मीडिया में बयानबाजी नहीं देते हैं। कई बार सरकार के लिए जम्मू-कश्मीर के पूर्व गवर्नर सत्यपाल मलिक के बयान चिंता के विषय बने थे।
  • उपराज्यपाल रहे जीसी मुर्मू और चीफ सेक्रेटरी के बीच कई मुद्दों को लेकर तनाव की खबरें भी थीं। ऐसे में बदलाव भी किया गया है।
  • मनोज सिन्हा केंद्र सरकार में मंत्री रहे हैं और उनका कामकाज का तरीका प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह को अच्छा लगा, यही कारण है कि उनपर भरोसा जताया गया है।
  • 370 को हटे एक साल हो गया है, ऐसे में राज्य में अब राजनीतिक हालात को सुधारने पर बल दिया जा रहा है। ऐसे में मनोज सिन्हा इस स्थान के लिए इसलिए भी सही माने गए क्योंकि उनका विवादों से काफी कम ही नाता रहा है।
  • दूसरी ओर अब जीसी मुर्मू को दिल्ली लाया जा रहा है और अगस्त में कैग प्रमुख के पद से राजीव महर्षि रिटायर हो रहे हैं, ऐसे में उनकी जगह जीसी मुर्मू को मिल सकती है।

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