राष्ट्र को आत्मनिर्भरता, समृद्धि और वैश्विक नेतृत्व की दिशा में अग्रसर करने वाले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दूरदर्शी नेतृत्व में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण द्वारा प्रस्तुत केंद्रीय बजट 2026-27 केवल एक आर्थिक दस्तावेज़ नहीं, बल्कि विकसित भारत के संकल्प का सशक्त घोषणा पत्र है। इसमें आज की आवश्यकताओं के साथ-साथ आने वाले दर्शकों की सोच का स्पष्ट प्रतिबिंब दिखाई देता है।
यह बजट भारत के किसान, युवा, नारी शक्ति और वंचित वर्ग को केंद्र में रखकर बनाया गया है। इसमें अवसरों का विस्तार है, आत्मनिर्भरता का विश्वास है और हर वर्ग के उत्थान की ठोस योजना है। रक्षा, कृषि, अधोसंरचना, शिक्षा, स्वास्थ्य, महिला सशक्तिकरण, पर्यटन और नवाचार जैसे क्षेत्रों में किए गए प्रावधान न केवल देश की आर्थिक गति को तेज करेंगे, बल्कि सामाजिक संतुलन और समावेशी विकास को भी मजबूती प्रदान करेंगे।
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विशेष रूप से, इस बजट में उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और जम्मू-कश्मीर में ट्रैकिंग ट्रेल्स के विकास की घोषणा एक दूरदर्शी पहल है। इससे पर्वतीय क्षेत्रों में स्थानीय आजीविका सुदृढ़ होगी, युवाओं और स्थानीय लोगों के लिए रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे और पर्यटन के नए द्वार खुलेंगे।
निःसंदेह, यह बजट ‘विकसित भारत @ 2047’ के संकल्प को साकार करने की दिशा में एक निर्णायक कदम है जो देश को आर्थिक महाशक्ति बनाने के साथ-साथ प्रत्येक नागरिक के जीवन में सकारात्मक परिवर्तन लाने की क्षमता रखता है।
