India Foreign Policy: विदेश मंत्रालय के आधिकारिक प्रवक्ता रणधीर जयसवाल ने आज अपनी मीडिया ब्रीफिंग में पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर (POJK) में जारी हिंसा, अमेरिका में प्रस्तावित टैरिफ बिल, रूसी सेना में फंसे भारतीयों की रिहाई और विदेश सचिव की हालिया भूटान यात्रा सहित कई अहम अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर भारत का पक्ष स्पष्ट किया है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने आज कई कूटनीतिक मुद्दों पर भारत का रुख साफ करते हुए जवाब दिया है।
विदेश मंत्रालय ने पाकिस्तान अधिकृत जम्मू-कश्मीर POJK में पाकिस्तानी तंत्र द्वारा आम नागरिकों के खिलाफ किए जा रहे अत्याचारों पर गहरी चिंता व्यक्त की। रणधीर जयसवाल ने बताया कि POJK में शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे नागरिकों पर निर्मम बल प्रयोग किया जा रहा है, जिसमें 40 से अधिक निर्दोष लोगों की जान जा चुकी है और कई घायल हुए हैं।
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पाकिस्तानी नेतृत्व द्वारा प्रदर्शनकारियों को ‘दुश्मन’ करार देने और उनके अपने नेताओं द्वारा यह स्वीकार करने पर कि भारत के खिलाफ तैयार किए गए मुजाहिदीन अब खुद उनके लिए मुसीबत बन चुके हैं,विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कड़ी प्रतिक्रिया दी है। India Foreign Policy
भारत ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि वह पाकिस्तान के अत्याचारों की जांच करे और उसे जवाबदेह ठहराए । विदेश मंत्रालय ने पुनः दोहराया कि संपूर्ण जम्मू-कश्मीर और लद्दाख भारत का अविभाज्य अंग हैं और रहेंगे। वही अमेरिकी सीनेट में रूसी तेल आयात करने वाले देशों पर 100% तक टैरिफ लगाने से जुड़े प्रस्ताव पर विदेश मंत्रालय ने भारत का रुख साफ किया है। India Foreign Policy
विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता रणधीर जायसवाल ने कहा कि भारत अपनी ऊर्जा सुरक्षा और 1.4 अरब नागरिकों की जरूरतों को पूरा करने के लिए विभिन्न देशों (अमेरिका सहित) से ऊर्जा संसाधन जुटाता है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा कि इस पूरे मामले पर भारत अमेरिकी अधिकारियों और संबंधित पक्षों के साथ लगातार बातचीत बनाए हुए है। विदेश मंत्रालय ने रूसी सेना में भर्ती हुए भारतीयों और अमेरिका से डिपोर्ट किए गए नागरिकों के आंकड़े भी साझा किए है। India Foreign Policy
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विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि भारत सरकार के लगातार प्रयासों से अब तक 139 भारतीय नागरिकों को रूसी सेना से सुरक्षित निकाला जा चुका है, जबकि शेष लगभग दो दर्जन भारतीयों की रिहाई के प्रयास जारी हैं। अमेरिका से डिपोर्टेशन को लेकर विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने बताया कि वर्ष 2026 में अब तक (1 जनवरी से) 1,273 भारतीय नागरिकों को अमेरिका से डिपोर्ट किया गया है, जबकि वर्ष 2025 में यह संख्या 3,567 थी
वही विदेश सचिव की भूटान यात्रा को लेकर रणधीर जायसवाल ने कहा कि विदेश सचिव विक्रम मिस्री की भूटान यात्रा द्विपक्षीय विकास साझेदारी समीक्षा के लिए थी। इस दौरान दो महत्वपूर्ण समझौते साइन किए गए, जिनमें लाइन ऑफ क्रेडिट और स्वास्थ्य शिक्षा/अनुसंधान क्षेत्र में AIIMS तथा भूटान के स्वास्थ्य संस्थान के बीच एमओयू शामिल है।
वही विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने जानकारी दी है कि ब्लैक सी क्षेत्र में ओडेशा पोर्ट के पास ‘M/V AGA N RAGNAR’ जहाज पर हुए हमले में 4 भारतीय क्रू मेंबर्स में से 2 सुरक्षित हैं, जबकि 2 लापता भारतीय नागरिकों की खोज के लिए यूक्रेन और रोमानिया के सहयोग से रेस्क्यू ऑपरेशन चलाया जा रहा है। बहरहाल भारत ने स्पष्ट कर दिया है कि वह अपनी क्षेत्रीय अखंडता, नागरिकों के हितों और ऊर्जा सुरक्षा के मुद्दों पर अडिग है। India Foreign Policy
