अंबेडकर की जन्मस्थली महू में गरजे खरगे-राहुल गांधी, बीजेपी-आरएसएस को बताया संविधान विरोधी

Rahul Gandhi News:

Rahul Gandhi News: कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे और लोकसभा में नेता विपक्ष राहुल गांधी ने आज मध्य प्रदेश के महू में आयोजित जय बापू-जय भीम-जय संविधान रैली में भाजपा-आरएसएस को संविधान विरोधी बताकर तीखा प्रहार किया। इस दौरान कांशीराम जी की छोटी बहन और कांशीराम फाउंडेशन की चेयरपर्सन स्वर्ण कौर ने राहुल गांधी से मुलाकात कर उन्हें आशीर्वाद देने के साथ ही संविधान को बचाने की लड़ाई में समर्थन दिया। रैली के बाद कांग्रेस नेताओं ने डॉ. बाबा साहेब अंबेडकर स्मारक में संविधान निर्माता बाबा साहेब को श्रद्धांजलि भी अर्पित की।

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विशाल रैली को संबोधित करते हुए कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने भाजपा-आरएसएस पर देश की आजादी में योगदान नहीं देने को लेकर हमला बोला। उन्होंने आरएसएस-भाजपा को देशद्रोही बताया और कहा कि आरएसएस के लोग आजादी की लड़ाई में अंग्रेजों के साथ थे, अंग्रेजों की नौकरी करते थे। गांधी जी की मृत्यु के समय आरएसएस के लोगों ने जश्न मनाकर मिठाई बांटी थी। ऐसे में सरदार वल्लभ भाई पटेल ने आरएसएस को बैन करने का आदेश दिया था। नेहरू जी ने कहा था कि महात्मा गांधी जी की हत्या पर मिठाई बांटने वाले लोग भारतीय कहलाने के भी योग्य नहीं हैं। डॉ अंबेडकर को लेकर भाजपा द्वारा फैलाए जा रहे झूठ की पोल खोलते हुए खरगे ने कहा कि बाबा साहेब ने अपने मित्र को लिखे एक पत्र में बताया था कि एसए डांगे और सावरकर ने साजिश करके उन्हें हराया था।
इस दौरान खरगे ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह द्वारा संसद में बाबा साहेब पर की गई अपमानजनक टिप्पणी की भी कड़ी निंदा की। उन्होंने कहा कि मोदी-शाह ने इतने पाप किए हैं कि वे 100 जन्म में भी स्वर्ग में नहीं जा सकते।कांग्रेस अध्यक्ष ने कहा कि धर्म में हम सभी की आस्था है, लेकिन अगर धर्म के नाम पर किसी समाज में गरीबों का शोषण होगा, तो यह बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। उन्होंने आगे कहा, लोकसभा चुनाव में नरेंद्र मोदी अबकी बार 400 पार कहते थे। लेकिन आज भाजपा बहुमत में भी नहीं है। नरेंद्र मोदी तो नीतीश कुमार और चंद्रबाबू नायडू के सहारे सरकार चला रहे हैं। जिस दिन कोई हट गया, उनकी सरकार गिर जाएगी।
जातिगत जनगणना का समर्थन करते हुए खरगे ने कहा कि इससे ही पता चलेगा कि देश में किस वर्ग की कितनी भागीदारी है। राहुल गांधी देश के गरीबों की भलाई के लिए लड़ रहे हैं। इस लड़ाई में सभी को उनका साथ देना है।रैली को संबोधित करते हुए नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी ने कहा कि भाजपा-आरएसएस संविधान को कमजोर और खत्म करने में लगे हैं। भाजपा ने लोकसभा चुनाव में भी कहा था कि अगर 400 सीटें आ गईं तो संविधान बदल देंगे। कुछ दिन पहले आरएसएस प्रमुख मोहन भागवत ने कहा कि हिंदुस्तान को 15 अगस्त 1947 को आजादी नहीं मिली, वो झूठी आजादी थी। उनका ये बयान सीधा संविधान पर आक्रमण है। भाजपा-आरएसएस के लोग पिछड़ों, आदिवासियों, बहुजनों और गरीबों से उनके अधिकार छीनकर उन्हें दबाना चाहते हैं।

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राहुल गांधी ने आगे कहा कि आजादी के बाद संविधान बना तो देश में सभी को अधिकार मिले। संविधान में लिखा है कि हिंदुस्तान के सभी नागरिक एक समान हैं। लेकिन नरेंद्र मोदी दो-तीन अरबपतियों को सभी कॉन्ट्रैक्ट और हिंदुस्तान का पूरा धन सौंप रहे हैं। भाजपा-आरएसएस के लोग आजादी के पहले जैसा हिंदुस्तान चाहते हैं, जहां आम लोगों को कोई अधिकार न हों, सिर्फ अडानी-अंबानी जैसे अरबपतियों के पास सारे अधिकार हों। राहुल गांधी ने देश में नोटबंदी और गलत जीएसटी लागू करने को लेकर भी भाजपा सरकार पर हमला बोला। उन्होंने कहा कि इन दोनों जनविरोधी फैसलों ने लाखों लोगों को रोजगार देने वाले छोटे और मध्यम व्यवसायों को खत्म कर दिया। आज देश में युवाओं को रोजगार नहीं मिल रहे। राहुल गांधी ने कहा कि कहा कि आरएसएस-भाजपा के लोग राम मंदिर के उद्घाटन को सच्ची आजादी बता रहे हैं, लेकिन उस कार्यक्रम में एक भी गरीब, किसान, मजदूर, पिछड़े वर्ग का व्यक्ति नहीं दिखाई दिया। यहां तक कि देश की आदिवासी राष्ट्रपति को भी न तो राम मंदिर के उद्घाटन और न ही नई संसद के उद्घाटन समारोह में जाने दिया गया। उन्होंने आगे कहा कि देश की सबसे बड़ी कंपनियों के मालिकों और मैनेजमेंट टीम में दलित, पिछड़े, आदिवासी वर्ग के लोग नहीं हैं। नरेंद्र मोदी खुद को ओबीसी कहते हैं, लेकिन आज तक देश के पिछड़े वर्ग को यह नहीं मालूम कि इस देश में उसकी कितनी आबादी है। ये दलितों,आदिवासियों और पिछड़ों के साथ अन्याय है। कांग्रेस की सरकार आते ही देश में जातिगत जनगणना कराई जाएगी। इस क्रांतिकारी निर्णय के बाद देश की 90 प्रतिशत आबादी को पता लग जाएगा कि देश के संस्थानों में किस वर्ग की कितनी भागीदारी है। साथ ही उन्होंने कहा कि आरक्षण पर 50 प्रतिशत की सीमा भी हटाई जाएगी।

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