UTTAR PRADESH: युवा केवल नौकरी चाहने तक ही सीमित नहीं हैं, बल्कि वे रोजगार सृजनकर्ता बनने की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के जरिए योगी सरकार युवाओं को बिना गारंटी और बिना ब्याज के ऋण उपलब्ध कराकर सशक्त बना रही है, जिससे उन्हें रोजगार के अवसर पैदा करने में मदद मिल रही है।
2024-25 में शुरू किए गए इस अभियान का मकसद राज्य के शिक्षित और प्रशिक्षित युवाओं को स्वरोजगार से जोड़ना और उन्हें नए सूक्ष्म उद्यम स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित करना है। सरकार के अनुसार, अब तक 14.7 लाख से अधिक युवाओं को इस योजना से लाभ हुआ है। इसके बदले में उन्होंने राज्य के विभिन्न जिलों में 45.1 लाख से अधिक लोगों के लिए रोजगार सृजित किए हैं। UTTAR PRADESH
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बिना गारंटी और बिना ब्याज के ऋण उपलब्ध कराकर युवाओं को रोजगार के अवसर पैदा करने में मदद मिल रही है। ऋण चरणबद्ध तरीके से दिए जा रहे हैं। पहले चरण में युवाओं को पांच लाख रुपये तक का ऋण दिया जा रहा है, और दूसरे चरण में 10 लाख रुपये तक का ऋण दिया जा रहा है। ये योजना 21 से 40 वर्ष की आयु के युवाओं को विनिर्माण या सेवा क्षेत्र में अपना खुद का व्यवसाय शुरू करने के अवसर प्रदान करती है। UTTAR PRADESH
नितिन इस योजना से लाभान्वित होने वाले अकेले व्यक्ति नहीं हैं। फहीम मलिक, अर्पित, मोनी शर्मा और सुभाष बाजपेयी जैसे कई अन्य व्यक्तियों को भी इसका लाभ मिला है और उन्होंने अपने उद्यम स्थापित किए हैं। आज वे न केवल बेहतर जीवन जी रहे हैं बल्कि दूसरों के लिए आजीविका के अवसर भी पैदा कर रहे हैं। मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान केवल वित्तीय सहायता प्रदान करने वाला अभियान नहीं है, बल्कि सरकार की एक महत्वपूर्ण पहल है जिसका उद्देश्य युवाओं को आत्मनिर्भर और सफल उद्यमी बनाना है। UTTAR PRADESH
