Delhi: आज देश के लिए एक बेहद गौरवशाली और महत्वपूर्ण दिन है। महामहिम राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने राष्ट्रपति भवन में आयोजित भव्य समारोह में भवन, साल 2026 के प्रतिष्ठित ‘पद्म पुरस्कारों’ के विजेताओं को पुरस्कार से नवाजा है।राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने आज राष्ट्रपति भवन में आयोजित भव्य समारोह में कला, संस्कृति, खेल, समाज सेवा और शिक्षा जैसे विभिन्न क्षेत्रों में देश का नाम रोशन करने वाली और राष्ट्र निर्माण में अपना अतुलनीय योगदान देने वाली महान विभूतियों को इस साल देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मानों से नवाजा है।Delhi:
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इस साल देश का दूसरा सबसे बड़ा नागरिक सम्मान ‘पद्म विभूषण’ दो महान हस्तियों को दिया गया है। सिनेमा जगत के सर्वकालिक महानायक और बॉलीवुड के असली “ही-मैन” कहे जाने वाले धर्मेन्द्र सिंह देओल को कला के क्षेत्र में उनके शानदार छह दशकों के योगदान के लिए मरणोपरांत पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया है। धर्मेन्द्र जी, जिन्होंने 300 से अधिक फिल्मों में अपनी अदाकारी का लोहा मनवाया, आज भले ही हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनका सांस्कृतिक योगदान अमर है।दिवंगत धर्मेंद्र की पत्नी हेमा मालिनी ने इस पुरस्कार को राष्ट्रपति से ग्रहण किया।Delhi:
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उनके साथ ही, संगीत की दुनिया की एक और महान विभूति, विख्यात वायलिन वादक डॉ. श्रीमती एन. राजम् को भी पद्म विभूषण सम्मान से नवाजा गया है। बात करें ‘पद्म भूषण’ सम्मान की, तो इस साल यह गौरवशाली पुरस्कार पाने वालों में कई दिग्गज नाम शामिल हैं, जिनमें प्रमुख हैं: कला और साहित्य के क्षेत्र से शतावधानी डॉ. आर. गणेश। सार्वजनिक मामलों में उनके लंबे योगदान के लिए पूर्व राज्यपाल और वरिष्ठ नेता भगत सिंह कोश्यारी। व्यापार और उद्योग जगत से बैंकिंग क्षेत्र के दिग्गज उदय सुरेश कुमार कोटक। खेल और राजनीति में अहम भूमिका निभाने वाले प्रो. विजय कुमार मल्होत्रा को यह सम्मान मरणोपरांत दिया जा रहा है। उनके पुत्र अजय कुमार मल्होत्रा ने राष्ट्रपति से पुरस्कार ग्रहण किया। Delhi:
चिकित्सा के क्षेत्र से डॉ. कल्लिपट्टि रामासामी पलनिस्वामी। विज्ञापन (Advertising) की दुनिया की तकदीर बदलने वाले और “मिले सुर मेरा तुम्हारा” जैसी ऐतिहासिक मुहिमों के रचयिता पियूष पान्डेय को भी मरणोपरांत पद्म भूषण से सम्मानित किया गया है। उनकी पत्नी नीता जोशी ने राष्ट्रपति से पुरस्कार को ग्रहण किया।इसके अलावा, ज़मीनी स्तर पर देश के कोने-कोने में बदलाव लाने वाले नायकों को ‘पद्म श्री’ पुरस्कार से सम्मानित किया गया है। इस सूची में भारतीय महिला क्रिकेट टीम की कप्तान और देश की करोड़ों लड़कियों की प्रेरणा सुश्री हरमनप्रीत कौर भुल्लर का नाम शामिल है। वहीं कला और लोक-संस्कृति के संरक्षण के लिए राजस्थान के भपांग वादक गफरूद्दीन मेवाती जोगी, गुजरात की लुप्त होती ‘मान आख्यान’ परंपरा को जीवित रखने वाले धार्मिकलाल चुनीलाल पंडया, और मणिपुर की आध्यात्मिक नृत्य-संगीत परंपरा ‘नट संकीर्तन’ के पुरोधा युमनाम जात्रा सिंह (मरणोपरांत) को भी पद्म श्री से सम्मानित किया गया है। Delhi:
कृषि के क्षेत्र में कपास तकनीक में क्रांति लाने वाले किसान श्रीरंग देवबा लाड, और जनजातीय भाषाओं और शिक्षा के क्षेत्र में अद्भुत कार्य करने वाले ओडिशा के भाषाविद डॉ. महेन्द्र कुमार मिश्र को भी देश ने इस सर्वोच्च सम्मान के योग्य पाया है। ये पुरस्कार महज़ सम्मान नहीं हैं, बल्कि उन असाधारण प्रयासों की कहानी हैं जिन्होंने भारत के सांस्कृतिक, सामाजिक और आर्थिक ताने-बाने को मजबूत किया है।Delhi:
