Uttar Pradesh: अधिकारियों ने सोमवार को बताया कि पुलिस ने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) के एक लोअर डिविजन क्लर्क को गिरफ्तार किया है। उस पर आरोप है कि उसने जेल में बंद गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई बनकर लोगों से 2 करोड़ रुपये की रंगदारी मांगने की कोशिश की। पुलिस के मुताबिक, हशमत हुसैन ने अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU) के बड़े अधिकारियों, शहर के एक जाने-माने ज्वैलर और मेडिकल क्षेत्र से जुड़े एक व्यक्ति को चिट्ठियां भेजीं। इन चिट्ठियों में उसने बिटकॉइन या QR कोड के ज़रिए ‘प्रोटेक्शन मनी’ (सुरक्षा के नाम पर वसूली) देने की धमकी दी और कहा कि ऐसा न करने पर अंजाम भुगतना होगा।Uttar Pradesh
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SSP नीरज कुमार ने पत्रकारों को बताया कि शनिवार को कुल आठ लोगों को ये चिट्ठियां मिली थीं। अधिकारी ने बताया कि इनमें से दो लोगों (जिनमें एक जाने-माने ज्वैलर भी शामिल थे) ने शनिवार रात पुलिस को मामले की जानकारी दी। इसके बाद दिल्ली के जनरल पोस्ट ऑफिस में एक टीम भेजी गई, जहां से ये चिट्ठियां स्पीड पोस्ट के ज़रिए भेजी गई थीं।
SSP ने बताया कि पोस्ट ऑफिस के कर्मचारियों से मिले CCTV फुटेज की मदद से पुलिस ने हुसैन की पहचान संदिग्ध के तौर पर की। पूछताछ के दौरान वह टूट गया और उसने 2 करोड़ रुपये की रंगदारी वसूलने की साजिश रचने की बात कबूल कर ली। उसने बताया कि उस पर लगभग 1 करोड़ रुपये का कर्ज था।Uttar Pradesh
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जिन लोगों को निशाना बनाया गया था, उनमें AMU के एडमिशन और एग्जामिनेशन कंट्रोलर, एक ज्वैलर और AMU से जुड़े जवाहरलाल नेहरू मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल के एक सीनियर कंसल्टेंट शामिल थे। पुलिस ने बताया कि हुसैन ने लोगों की आर्थिक स्थिति और परिवार के बारे में पूरी जानकारी जुटाने के बाद बहुत सोच-समझकर अपने शिकार चुने थे। उन्होंने बताया कि आरोपी के खिलाफ BNS की धारा 308(2) (रंगदारी) के तहत मामला दर्ज किया गया है।Uttar Pradesh
